सरजन समूह द्वारा सम्‍मानित होना गर्व की बात : मलाइका अरोरा

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: हांगकांग में कई हस्तियां की गईं सम्‍मानित : मुंबई (न्‍यूज हेल्‍पलाइन) : सरजन समूह एक सामाजिक गैर-लाभकारी संगठन है जिसे 2005  में हांगकांग में स्थापित किया गया था। सरजन ने शनिवार को अपना 12वां सरजन वार्षिक पुरस्कार समारोह आयोजित किया। यह हांगकांग के सबसे बड़े पुरस्कार कार्यक्रमों में से एक है। इस आयोजन में क्रमशः हांगकांग और भारत के कई बड़ी हस्तियों की उपस्थिति रही।

मलाइका अरोरा, जिन्हें इवेंट पर सम्मानित किया गया बोली, “मैं हांगकांग आकर वास्तव में खुश हूं और हांगकांग सरकार के गणमान्य व्यक्तियों द्वारा सम्मानित होना मेरे लिए गर्व की बात हैं। सम्मानित होने पर हर कोई अच्छा महसूस करता है। किसी की प्रतिभा और उपस्थिति की सराहना करने का  यह एक बहुत अच्छा तरीका है। मैं सभी का शुर्क्रिया अदा करती हूँ, और भविष्य के लिए शुभकामनाएं देती हूँ।”

अनिल कपूर के बेटे हर्षवर्धन कपूर भी उपस्थित थे। वह बोले, “मैंने पहले हांगकांग में ज्यादा समय नहीं बिताया है, इसलिए मैं हर किसी से मिलने और यहां रहने को लेकर काफी एक्साइटेड हूँ।” वैसे हम आपको बता दें हर्षवर्धन की सुपर हीरो फिल्म भावेश जोशी अभी रिलीज़ हुई थी, जिसे प्रशंसकों और आलोचकों द्वारा समान रूप से सराहना मिली।

कार्यक्रम में मानवीय कार्यों से खेल तक विभिन्न प्रकार की गतिविधियों के लिए पुरस्कार वितरित किए गए। हर साल इस उत्सव में कई सोशलाइट्स और हस्तियों, भारत और हांगकांग के राजनेता, खेल आइकन, हीरे और गहने के व्यापारी भी मौजूद होते हैं। इस साल, पूर्व सह सदस्य-माननीय श्रीमती रेजिना आईपी, आप्रवासन निदेशक एरिक त्संग, पुलिस आयुक्त स्टीफन लो और शिक्षा सचिव केविन यूएंग ने इस कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर शीर्ष खिलाड़ी, हरभजन सिंह और क्रिकेटर फारूक इंजीनियर भी उपस्थित थे।

सरजन समूह के अध्यक्ष रश्मीकांत दोंडा ने कहा,  “मुझे याद है कि 2005 में सरजन समूह ने केवल 20 सदस्यों के साथ शुरुआत की थी और आज हमारे समुदाय में 600 से ज्यादा सदस्य हैं। हमने स्थानीय और भारत में विभिन्न सरकारी निकायों से समर्थन और प्रशंसा प्राप्त की है। एक दशक से अधिक समय तक इस समूह में सकारात्मक परिवर्तन देखना, मेरे लिए यह बहुत गर्वपूर्ण क्षण है।”

सरजन समूह की सरजन चैरिटी फाउंडेशन एक बहुत महत्वपूर्ण कार्यक्रम है। चैरिटी के दोरान जो भी पैसा इकट्ठा होता है, उसे जयपुर फुट (भगवान महावीर विकलांग सहयाता समिति) को दे दिया जाता है। यह एक ऐसा संगठन है जो विकलांगों को कृत्रिम अंग, कैलिपर और अन्य प्रकार के भौतिक सहायक उपकरण द्वारा फिर से चलने फिरने में मदद करता है।