यूपी के 55 लाख किसान परिवार से सपंर्क साधेगी कांग्रेस : अजय लल्‍लू

 : किसान जनजागरण अभियान की शुरुआत, 2 करोड़ 72 लाख लोगों से संवाद करेगी कांग्रेस : 12 हजार से अधिक नुक्कड़ सभा, 900 प्रेसवार्ता, 800 से अधिक होगा प्रदर्शन-घेराव : लखनऊ। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा प्रदेश मुख्यालय पर किसान जन जागरण अभियान की शुरुआत की गई। इस मौके पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा कि पूरे प्रदेश में किसान भाजपा की किसान विरोधी नीतियों से परेशान है। आवारा पशुओं के आतंक से पूरा प्रदेश का किसान परेशान हैं।

उन्‍होंने कहा कि प्रदेश में लगातार बिजली का बिल बढ़ाया जा रहा है। कर्जमाफी के नाम पर किसानों को भाजपा सरकार ने छला है। गन्ना किसानों का बकाया भुगतान नहीं हुआ। योगी सरकार में गन्ने का एक रुपया दाम नहीं बढ़ा। धान खरीद के नाम पर सरकार और बिचौलियों की साठ-गांठ के चलते किसान 1400-1500 रूपये में धान बेंचने को मजबूर है। बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि की मार के बाद भी सरकार ने एक पैसा किसानों को मुआवजा नहीं दिया।

किसान जनजागरण अभियान की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए श्री लल्लू ने बताया कि 40 दिन तक चलने वाले इस अभियान में उत्तर प्रदेश के 2 करोड़ 71 लाख 26 हजार लोगों से संवाद स्थापित किया जायेगा। प्रदेश अध्‍यक्ष ने कहा कि उत्तर प्रदेश के प्रत्येक ब्लाक में रोजाना 300 किसान परिवारों से मिलकर कांग्रेस कार्यकर्ता किसान मांग पत्र भरवायेंगे, यानी कि एक दिन में इस अभियान में लगभग ढाई लाख परिवारों से हम जनसंपर्क करेंगे।

उन्‍होंने बताया कि इस पूरे अभियान में 55 लाख परिवारों से संपर्क किया जायेगा। अभियान की शुरुआत में हर जिले में प्रेस वार्ता किया जायेगा। उसके अगले दिन अभियान की शुरुआत ब्लाक स्तर पर प्रेस वार्ता और बैठक करके शुरू किया जाएगा।अभियान में प्रत्येक ब्लाक पर न्यूनतम 30 कांग्रेस कार्यकर्ता प्रतिदिन 10 पीड़ित किसानों के बीच जाकर किसान मांग पत्र भरेंगे। अभियान के दौरान 25 हजार कांग्रेस कार्यकर्ता गाँव-गाँव जाकर किसानों से संपर्क करेंगे। इसके साथ ही साथ 17 फरवरी से 23 फरवरी तक प्रदेश के सभी ब्लाकों में दो- दो नुक्कड़ सभा करके किसान विरोधी सरकार की करतूतों को उजागर किया जायेगा। इस तरह लगभग 12 हजार नुक्कड़ सभा पूरे प्रदेश में कांग्रेस के नेता करेंगे।

उन्‍होंने बताया कि अभियान के दूसरे चरण में भाजपा के विधायकों-सांसदों को किसानों के मुद्दे पर ‘सरकार जगाओ-किसान बचाओ’ नारे के साथ ज्ञापन दिया जायेगा। अभियान के तीसरे चरण में तहसील दिवस पर प्रदर्शन किया जायेगा और पीड़ित किसानों का नाम लेकर उनकी समस्याओं को हाईलाइट किया जायेगा ताकि प्रशासन उस किसान की समस्या हल करे। अभियान के चौथे चरण में जिला पर जिलाधिकारी का घेराव किया जायेगा। पूरे अभियान के दौरान करीब 800 प्रदर्शन के जरिये जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों को किसानों की समस्या पर घेरा जायेगा।श्री लल्‍लू ने बताया कि अभियान के पांचवे चरण में लखनऊ में एक बड़ा किसान मार्च निकाला जायेगा।

कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता आराधना मिश्रा ‘मोना’ ने कहा कि पूरे प्रदेश का किसान त्रस्त है। भाजपा की केंद्र और प्रदेश की सरकार किसानों को ठग रही है। भाजपा सरकार ने किसानों की आय दोगुनी करने की बात की थी लेकिन किसानों को उनकी फसलों का दाम नहीं मिल रहा है। किसान आत्महत्या करने पर मजबूर हुआ है। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकारों को कांग्रेस की प्रदेश सरकारों से सीखना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस की प्रदेश सरकारों का उदाहरण देते हुए कहा कि मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान में सरकार बनते ही किसानों का कर्ज माफ किया गया। छत्तीसगढ़ में बिजली बिल हाफ किया गया। जिसका लाभ 35 लाख परिवारों को मिला। छत्तीसगढ़ में किसानों का धान 2500 प्रति कुंतल खरीदा जा रहा है।

इस दौरान प्रमुख रूप से पूर्व मंत्री दीपक कुमार, पूर्व मंत्री आरके चौधरी, पूर्व सांसद राजाराम पाल, पूर्व सांसद बालकुमार पटेल, पूर्व सांसद बालकृष्ण चौहान, कांग्रेस विधानमंडल दल के पूर्व नेता प्रदीप माथुर, पूर्व विधायक ललितेश पति त्रिपाठी, पूर्व विधायक गजराज सिंह, प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष वीरेन्द्र चौधरी,  शिव नारायण आदि वरिष्ठ नेतागण मौजूद रहे।