योगीराज में सुधरी कानून-व्‍यवस्‍था, आंकड़े बता रहे अपराध हुए कम

: यूपी में स्‍थापित हुआ कानून का राज – डा. चंद्रमोहन : लखनऊ : योगी आदित्‍यनाथ सरकार में अपराधों की संख्‍या में कमी आई है। विभाग से जारी किए गए आंकड़े बताते हैं कि सपा सरकार के कार्यकाल की तुलना में भाजपा सरकार के कार्यकाल में अपराधों की संख्‍या में कमी आई है। योगी आदित्‍यनाथ सरकार की अब तक की सबसे बड़ी उप‍लब्धि रही है कि राज्‍य में मुकदमे दर्ज किए जाने की संख्‍या बढ़ी है।

पिछली सरकारों के कार्यकाल में पुलिस के पास शिकायत दर्ज कराने में पसीने छूट जाते थे। डकैती की घटनाओं में पिछले वर्ष के मुकाबले 37 फीसदी की कमी आई है। लूट, हत्‍या जैसी घटनाओं में भी कमी आई है। योगी सरकार के कार्यकाल में कानून-व्‍यवस्‍था की स्थिति में आंशिक सुधार देखने को मिला है। हालांकि कहीं कहीं पुलिस की अराजकता अब भी देखने को मिल रही है।

आंकड़े बताते हैं कि 1 जनवरी 2016  से 31 जुलाई 2016  तक कुल 2766 हत्याएं और 2237 बलात्कार की घटनाएं हुई थीं, वहीं इसी अवधि में वर्ष 2018 में इन अपराधों में काफी कमी आई है। पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ भी अभियान छेड़ रखा है, जिसमें 63 कुख्‍यात अपराधी पुलिस की गोलियों के शिकार बने। 3430 इनामी अपराधी जेल भेजे जा चुके हैं।

पुलिस मुठभेड़ के दौरान 650 अपराधी घायल हुए तथा 4 जवान भी शहीद हो गए। सरकारी की मंशा के अनुरूप अपराधियों पर जीरो टॉलरेंस की नीति के अनुपालन में गैंगस्टर एक्ट में 173 करोड़ की संपत्ति जप्त की गई है। 14746 अपराधियों पर गैंगस्टर एक्ट के अंतर्गत कार्रवाई भी की गई है। वर्ष 2018 में अब तक कुल 9866 अपराधी जमानत करा कर न्यायालय में हाजिर हुए हैं।

प्रदेश प्रवक्‍ता डा. चंद्रमोहन कहते हैं कि अब अपराधियों को किसी तरह का राजनीतिक संरक्षण नहीं है बल्कि अपराधी जमानत निरस्त करा कर न्यायालयों में समर्पण कर रहे हैं। सभी तरफ प्रभावी कार्रवाई की गई है और बेहतर निवेश का माहौल सृजित हुआ है। इसी का परिणाम था उत्तर प्रदेश में अरबों रुपए की संपत्ति भूमाफियाओं के शिकंजे से मुक्त कराई गई है। भ्रष्टाचार पर प्रभावी नियंत्रण हुआ है और कानून का राज स्थापित हुआ है।