काशी में ट्रैफिक जाम होगी बीते ज़माने की बात

: पुलों और फ्लाईओवर का जाल दिलाएगा जाम से निजात : 2021 तक काशी को योगी सरकार की बड़ी सौग़ात। वाराणसी के एक कोने से दूसरे कोने तक जाने में अब नही होगा समय बर्बाद : वाराणसी/लखनऊ। धर्म और अध्यात्म की नगरी वाराणसी में ट्रैफ़िक जाम अब इतिहास की बात होने जा रही है। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में शहर और ग्रामीण क्षेत्रो में रेलवे ओवर ब्रिज ,फ्लाई ओवर व नदी पर पुलों का ऐसा जाल बिछाया है जिससे काशी के एक कोने से दूसरे कोने तक जाना तो आसान होगा ही बल्कि शहर में भी गाड़ियां फ़र्राटें भरेंगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2017 में सत्ता सँभालने के बाद तुरंत ही वाराणसी के महत्त्व को समझते हुए यहाँ विकास की गंगा बहा दी। उसका नतीजा यह हुआ कि अन्य प्रदेशों ने भी यहाँ के ढांचागत विकास और कचरा प्रबंधन के तकनीक का अध्ययन करवाया और यह स्वीकार किया कि योगी सरकार का वाराणसी में विकास मॉडल लाजवाब है।

वर्तमान में वाराणसी में लगभग 338 करोड़ रूपए की लागत से आठ रेलवे ओवर ब्रिज ,फ्लाई ओवर व नदी पर पुल बनाये जा रहे हैं जिनके पूरा होने के बाद काशी नगरी को ट्रैफिक जाम की पुरानी समस्या से निजात मिल जाएगी। इनमें से लहरतारा फुलवारियां मार्ग पर बन रहे दो रेलवे ओवर ब्रिज और वरुणा नदी पर बन रहा ब्रिज वाराणसी के यातायात के लिए वरदान साबित होगा।

वाराणसी और इसके आसपास स्थित बौद्ध स्थल सारनाथ में विदेशी पर्यटकों बड़ी संख्या में आते हैं और इन सब निर्माणों के बाद उनका भी समय बचेगा । यही नहीं पडोसी ज़िले भदोही और मिर्ज़ापुर भी अपनी विशेषताओं को लेकर प्रसिद्ध हैं और वाराणसी से होकर इन स्थानों की यात्रा भी अब आसान होने की राह पर है।

खुशी की बात यह है कि ये सभी कार्य 2021 में ही पूरे हो जाएंगे और इसका असर तुरंत नजर आने लगेगा ।