हमने राम का नाम गरीबों की सेवा के साथ जोड़ा: सी एम योगी

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाबरी ढांचे को ग़ुलामी का प्रतीक बताते हुए कहा कि अयोध्या के राम मंदिर के मुद्दे पर भाजपा की वैचारिक विजय हुई है। उन्होंने कहा कि भाजपा इस मुद्दे पर जो भी विचारधारा रखती थी, अंततः उसे सबने माना।

एक निजी न्यूज़ चैनल के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि रामराज्य किसी एक समुदाय अथवा वर्ग का नहीं है बल्कि यह जन-जन की आस्था का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हमारे लिए रामराज्य हर गरीब को मकान, शौचालय की सुविधा, बिजली, हर माता को सिलेंडर पहुंचा देना है।

सीएम योगी ने कहा कि भगवान राम हमारे लिए राजनीति नहीं हैं। भगवान राम के बिना भारत की कल्पना ही नहीं की जा सकती है। जो राम की शरण में गया, उसका उद्धार हुआ। जिसने राम का विरोध किया जनता ने उसको जीरो बना दिया। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में तमाम योजनाओं को जन जन तक पहुंचाया गया है। हमने राम का नाम गरीबों के काम के साथ जोड़कर आगे रखा। भाजपा के लिए का नाम सत्ता प्राप्ति के लिए नहीं, बल्कि गरीबों की सेवा के लिए है।

मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी का नाम लिए बगैर कहा कि जिन्होंने राम भक्तों पर गोली चलाई थी उन्हे करोड़ों आस्थावान भक्तों से माफी मांगनी चाहिए। ये वही लोग हैं जो भारतीय जनता पार्टी की राम के प्रति विचारधारा पर प्रतिकूल टिप्पणी करते रहे लेकिन अब इसको सब मान रहे हैं। वैसे भी हम हमेशा से कह रहे हैं कि राम भाजपा के नही बल्कि सबके हैं।

योगी ने कहा कि पिछले साढ़े चार सालों में उत्तर प्रदेश में व्यापक निवेश हुआ है। पिछली सरकार में कानून व्यवस्था की बुरी स्थिति की वजह से उत्तर प्रदेश से व्यापारियों से पलायन होता था लेकिन अब अपराधियों का पलायन हो रहा है

लखीमपुर कांड पर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि एसआईटी की रिपोर्ट आने का इंतजार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा स्पष्ट है, दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। कानून को बंधक बनाएगा वो कानून की गिरफ्त में आएगा

मुख्यमंत्री योगी ने क्रिकेट मैच में पाकिस्तान की जीत पर जश्न मनाने वालो को नसीहत दी कि भारत मे रहकर पाकिस्तान का गुणगान करने वालो के खिलाफ कठोरता कार्रवाई की जाएगी।