पीड़ितों को देंगे हर संभव मदद : मुख्यमंत्री

  • मुख्यमंत्री ने आपदा पीड़ितों की मदद के लिए तीन मंत्रियों को उत्तराखंड भेजा
  • चमोली आपदा में घायल हुए लोगों का निशुल्क इलाज कराया जाएगा : मुख्यमंत्री
  • प्रभावित परिवार से सम्पर्क स्थापित करते हुए इनकी मदद की जाए : सीएम

लखनऊ। उत्तराखंड के चमोली जिले में रविवार को हुए हादसे (आपदा) ने एक बार फिर सबको दहला दिया है। उत्तराखंड की इस आपदा में फंसे उत्तर प्रदेश के लोगों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी बेहद चिंतत हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा की इस घड़ी में सरकार अपने प्रदेश के नागरिकों सहित सभी प्रभावितों को हर संभव मदद उपलब्ध कराने के लिए कृतसंकल्पित है। अपनी इस मंशा के तहत ही मुख्यमंत्री ने ऋषिगंगा और तपोवन-विष्णुगाड हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट में काम रहे लापता श्रमिकों व कार्मिकों की खोज के साथ वहां पर राहत कार्य को गति देने के लिए तीन मंत्रियों उत्तराखंड भेजा है। इसके साथ भी मुख्यमंत्री ने चमोली आपदा में घायल हुए लोगों का निशुल्क इलाज कराने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने इस हादसे में जान गवाने वाले श्रमिक की अंतिम संस्कार करने की व्यवस्था करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिएं हैं।

यहां अपने सरकारी आवास पर आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तराखण्ड में आयी आपदा से उत्पन्न स्थिति की समीक्षा करते हुए यह निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि संकट की इस घड़ी में प्रदेश सरकार उत्तराखण्ड सरकार को हर सम्भव मदद प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड राज्य के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत से फोन पर बात कर संकट की इस घड़ी में उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से हर सम्भव सहायता का भरोसा दिलाया है। इसके बाद मुख्यमंत्री ने चमोली की आपदा से प्रभावित हुए प्रदेश के परिवारों की सहायता के लिए राहत आयुक्त कार्यालय में एक कण्ट्रोल रूम स्थापित करने और उत्तराखण्ड राज्य सरकार से समन्वय के लिए प्रदेश सरकार के दो अधिकारियों को देहरादून भेजने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा है कि जिन जनपदों के निवासी चमोली आपदा में लापता हैं, उन जिलों में जनपद स्तरीय कण्ट्रोल रूम बनाया जाए। इसके अलावा प्रत्येक जनपद में हेल्पलाइन नम्बर जारी किया जाए। इस आपदा में घायल हुए श्रमिकों के इलाज की व्यवस्था करने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिए हैं। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा है कि चमोली आपदा से प्रभावित हुए प्रत्येक परिवार से सम्पर्क स्थापित कर उनकी हर सम्भव मदद की जाए। इस आपदा में फंसे प्रदेश के जो लोग अपने घर वापस लौटना चाहते हैं, उनके वापस लौटने की व्यवस्था करने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को दिये हैं।

फिलहाल मुख्यमंत्री के निर्देश पर कैबिनेट मंत्री सुरेश राणा, आयुष मंत्री धर्म सिंह सैनी व बाढ़ राहत राज्यमंत्री विजय कश्यप को उत्तराखंड जा रहे हैं। यह मंत्री उत्तराखंड में हादसे वाली जगह का दौरा करेंगे और उत्तराखंड सरकार से सम्पर्क करके आपदा पीडि़तों को सहायता उपलब्ध कराएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा है कि इस हादसे के प्रत्येक मृतक प्रदेशवासी के आश्रितों को मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से दो लाख रुपए की आर्थिक मदद उपलब्ध करायी जाएगी। उन्होंने घायलों के समुचित उपचार की व्यवस्था कराने के निर्देश भी दिए हैं।

उच्चस्तरीय बैठक में अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि उनके निर्देशों के क्रम में राज्य मुख्यालय पर राहत आयुक्त कार्यालय में राज्य स्तरीय इमरजेंसी ऑपरेशन सेण्टर क्रियाशील कर दिया गया है। प्रदेश के लापता व्यक्तियों के परिजन लापता व्यक्ति का विवरण राहत हेल्पलाइन-1070 तथा व्हॉट्सएप नम्बर 9454441036 पर दर्ज करा सकते हैं तथा इस सम्बन्ध में जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।